श्रीविजयनगर में बड़ा फैसला: PoJK विस्थापित भूमि का विरासतन इंतकाल रद्द, पुराने नियमों पर उठे सवाल
Trend2in News Desk | श्रीविजयनगर श्रीविजयनगर में पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर (PoJK) विस्थापितों को आवंटित जमीन से जुड़े एक लंबे समय से चल रहे विवाद में उपखंड अधिकारी शकुंतला ने बड़ा फैसला सुनाया है। इस फैसले में वर्षों पहले किए गए विरासतन इंतकाल को निरस्त कर दिया गया है, जिससे पूरे मामले में एक नया मोड़ आ गया है। जानकारी के अनुसार यह मामला वर्ष 1947 के विभाजन से जुड़ा हुआ है, जब पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर के जिला बाग की तहसील सुधनोती (पलंदरी) से कई परिवारों को विस्थापित होकर भारत आना पड़ा था। ऐसे ही एक परिवार के सदस्य अनंतराम शर्मा को भारत सरकार द्वारा विस्थापित घोषित किया गया था। उन्हें उनके परिवार के भरण-पोषण के लिए राजस्थान के श्रीविजयनगर क्षेत्र में ग्राम 3 एल.सी.(ए) के मुरब्बा नंबर 2 में 25 बीघा नहरी भूमि आवंटित की गई थी। यह आवंटन उस समय के पुनर्वास नियमों के तहत किया गया था, जिसमें यह स्पष्ट प्रावधान था कि यह भूमि केवल परिवार के भरण-पोषण के लिए दी गई है और इसके अधिकार विशेष नियमों के अनुसार ही निर्धारित होंगे। विशेष रूप से यह नियम लागू था कि परिवार की कोई महिला सदस्...